
रथ सप्तमी
रथ सप्तमी हिंदू पंचांग के अनुसार मनाया जाने वाला त्योहार है, जिसकी तिथि और रीति-रिवाज क्षेत्र व स्थानीय पंचांग के हिसाब से अलग हो सकते हैं।
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अहमदाबाद में यह दिन
विक्रम 2082 पिंगल · शिशिर

रथ सप्तमी हिंदू पंचांग के अनुसार मनाया जाने वाला त्योहार है, जिसकी तिथि और रीति-रिवाज क्षेत्र व स्थानीय पंचांग के हिसाब से अलग हो सकते हैं।

मेला
रथ सप्तमी पर कोणार्क के पास सूर्योदय के समय उस नदी में स्नान होता है, जो अब रही ही नहीं।

आपके अपने शहर का पंचांग, चौघड़िया, त्योहार और रिमाइंडर। ऐप इंटरनेट के बिना भी चलता है।
जयंती
माघ शुक्ल सप्तमी को आने वाली नर्मदा जयंती हिंदू पंचांग के अनुसार मनाई जाने वाली जयंती है, और इसकी तारीख़ व रीति-रिवाज क्षेत्र और स्थानीय पंचांग के हिसाब से अलग हो सकते हैं।

दिवस
राष्ट्रीय मतदाता दिवस 25 जनवरी को मनाया जाता है, क्योंकि 25 जनवरी 1950 को भारत निर्वाचन आयोग की स्थापना हुई थी, और 2011 में यह दिवस इस उद्देश्य से शुरू हुआ कि नए पात्र मतदाताओं, ख़ासकर 18 साल के हो रहे युवाओं की पहचान करके उन्हें नाम दर्ज कराने और चुनाव में हिस्सा लेने के लिए प्रोत्साहित किया जा सके।
राहुकाल17:00 से 18:23
परंपरा से इसमें नया काम शुरू करने से बचते हैं
यमगंड12:52 से 14:14
गुलिक काल15:37 से 17:00
अभिजित मुहूर्त12:29 से 13:14
अकेला मुहूर्त जो ज़्यादातर दिनों में होता है
पंचक13:35 तक
चंद्रमा आख़िरी पाँच नक्षत्रों में है। परंपरा से इसमें निर्माण, दक्षिण की यात्रा और ईंधन ख़रीदने से बचते हैं
गंडमूल13:35 तक
संधि नक्षत्र। इसमें जन्म हो तो परंपरा से एक पूजा कराई जाती है
दिशाशूलपश्चिम
इस दिन परंपरा से इस दिशा में यात्रा नहीं करते
शुक्ल सप्तमी00:40 से 23:10
शुक्ल अष्टमी23:10 से अगले दिन 21:18
रेवतीपिछले दिन 14:15 से 13:35
अश्विनी13:35 से अगले दिन 12:32
सिद्धपिछले दिन 14:01 से 11:45
साध्य11:45 से अगले दिन 09:11
गर00:40 से 11:58
वणिज11:58 से 23:10
विष्टि23:10 से अगले दिन 10:17
मकर

मीन
23 जन, 08:33 से 13:35
नाम के अक्षर

मेष
13:35 से
नाम के अक्षर
सूर्य
11 घंटे 3 मिनट का दिन
चंद्रमा
40% रोशन, बढ़ता हुआ
पंचांग का दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक होता है, और यहाँ सभी समय अहमदाबाद के हैं। किसी भी खाने पर टैप करें, उसका समय दिख जाएगा।
सूर्योदय पर मकर लग्न, 07:20
लाहिरी अयनांश, पूरी राशि के भाव, और राहु-केतु की मध्यम स्थिति। दूसरी पद्धति से बना पंचांग अलग नतीजा दिखाएगा।